बाबा बालखण्डी नाथ धाम में 9 से 15 जून तक शिव महापुराण कथा का आयोजन

बलिया। जनपद के पावन एवं ऐतिहासिक बाबा बालखण्डी नाथ धाम में 9 से 15 जून 2026 तक भव्य शिव महापुराण कथा का आयोजन किया जाना है। परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह के सौजन्य से कराये जा रहे आस्था और आध्यात्मिकता से परिपूर्ण इस कथा संगम में अंतर्राष्ट्रीय कथावाचक भागवत भूषण पंडित प्रदीप मिश्रा के श्रीमुख से प्रतिदिन दोपहर 1 बजे से 4 बजे तक शिव महापुराण कथा का अमृतमय प्रवचन होगा। भव्य शिव महापुराण कथा को लेकर तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच चुकी है। इस कार्यक्रम को लेकर क्षेत्र ही नहीं बल्कि पूर्वाचल एवं पड़ोसी जनपदों के श्रद्धालुओं में भी विशेष उत्साह देखने को मिल रहा है।

आयोजन समिति द्वारा श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए लगभग 50 एकड़ क्षेत्रफल में विशाल क्या पंडाल का निर्माण कराया गया है, जहां एक साथ लाखों श्रद्धालु कथा श्रवण कर सकेंगे। कथा स्थल पर प्रवेश एवं निकास को सुगम बनाने के लिए 14 अलग-अलग मार्ग बनाए गए हैं, जिससे भीड़ प्रबंधन में किसी प्रकार की कठिनाई न होने पाए।

श्रद्धालुओं के वाहनों के सुव्यवस्थित संचालन के लिए सात बड़े पार्किंग स्थलों की व्यवस्था की गई है। जिनमें लगभग 20 हजार वाहनों के खड़े होने की क्षमता होगी। बस, कार एवं दोपहिया वाहनों के लिए अलग-अलग पार्किंग निर्धारित की गई है। छाता, सोनवानी, हल्दी, सहतवार एवं बैरिया की दिशा से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए बांसडीह रेलवे स्टेशन के समीप स्थित सती माता मंदिर के पास पार्किग बनाई गई है। वहीं शहर एवं ब्यासी क्षेत्र की ओर से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए बभनौली और पेट्रोल पंप के मध्य तीन पार्किंग स्थल निर्धारित किए गए है। बांसडीह, मनियर, रेवती, बैरिया एवं सिकंदरपुर क्षेत्र से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए सहपुरवा पुल के निकट विशेष पार्किंग की व्यवस्था की गई है।

कथा में पधारने वाले श्रद्धालुओं के लिए भोजन की भी व्यापक व्यवस्था की गई है। प्रतिदिन लगभग 1.5 लाख श्रद्धालुओं को भोजन उपलब्ध कराया जाएगा। भोजन वितरण का समय प्रातः 8 बजे से दोपहर 12 बजे तक तथा सायं 6 बजे से रात्रि 10 बजे तक निर्धारिक किया गया है। इसके अतिरिक्त बाबा बालखण्डी नाय मंदिर समिति द्वारा प्रतिदिन 15 से 20 हजार श्रद्धालुओं के लिए भंडारे का आयोजन भी किया जाएगा। भोजन में रोटी, सब्जी, दाल एवं चावल प्रमुख रूप से परोसे जाएंगे।

आयोजन समिति ने इस महाआयोजन को पर्यावरण संरक्षण से भी जोड़ा है। कथास्थल पर प्लास्टिक के बर्तनों का प्रयोग पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा। श्रद्धालुओं को थाली में प्रसाद एवं भोजन ग्रहण कराया जाएगा, जिससे स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण दोनों सुनिश्चित हो सकें।

यातायात की दृष्टि से भी कथास्थल अत्यंत सुगम स्थान पर स्थित है। बाबा बालखण्डी नाय धाम बांसडीह रेलवे स्टेशन से मात्र 2 मीटर, बलिया रेलवे स्टेशन से लगभग 10 किलोमीटर तया बलिया बस स्टेशन से लगभग 10 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है, जिससे दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं को आवागमन में सुविधा होगी।

आयोजन समिति एवं प्रशासन द्वारा सुरक्षा, यातायात प्रबंधन, पेयजल, स्वच्छता, चिकित्सा सुविधा के लिए मोबाइल संचालित मेडिकल सहायता, अग्निशमन व्यवस्था तथा अन्य आवश्यक सेवाओं को लेकर व्यापक तैयारियां की जा रही है। कथा स्थल पर श्रद्धालओं की सुविधा और सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता पर रखी गई है।

यह शिव महापुराण कथा केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि सनातन संस्कृक्ति, आस्था, सेवा और सामाजिक समरसता क विराट उत्सव बनने जा रही है। लाखों श्रद्धालुओं की उपस्थिति में बाबा बालखण्डी नाथ धाम शिवभक्ति के महासागर में परिवर्तित होगा, जहां भगवान भोलेनाय की महिमा का गुणगान और शिवभक्ति की दिव्य धारा निरंतर प्रवाहित होगी।